नई दिल्ली। आज संपूर्ण विश्व युद्ध जैसी स्थिति के कगार पर खड़ा है। इतिहास का अवलोकन करने पर ज्ञात होता है कि जिन-जिन युद्धों में हनुमानजी विराजमान रहे हैं, वहां विजय निश्चित हुई है। चाहे वह प्रभु श्रीराम की सेना में रहकर रावण की लंका का दहन करने वाले हनुमानजी हों, अथवा महाभारत में अर्जुन के रथ के ध्वज पर विराजमान होकर अधर्म के विरुद्ध पांडवों को बल प्रदान करने वाले हनुमानजी। हर स्थान पर विजय सुनिश्चित हुई।
इतना ही नहीं, छत्रपति शिवाजी महाराज के हिंदवी स्वराज्य की स्थापना के लिए समर्थ रामदास स्वामीजी ने गांव-गांव में मारुति मंदिर स्थापित कर जो बलोपासना प्रारंभ की, उससे स्वराज्य को आध्यात्मिक एवं सामर्थ्य का बल प्राप्त हुआ। आज पुनः एक बार देश और धर्म संकट में हैं तथा सर्वत्र भय का वातावरण निर्मित हो रहा है।
ऐसे समय में प्रत्येक हिंदू में मारुति जैसे शौर्य, शक्ति और भक्ति का जागरण हो तथा आने वाले कठिन समय में उनके आशीर्वाद से हिंदुओं की विजय सुनिश्चित हो, इसी संकल्प के साथ श्री हनुमान जन्मोत्स के अवसर पर हिंदू जनजागृति समिति की ओर से देशभर में 850 से अधिक स्थानों पर सामूहिक ‘गदा पूजन’ किया गया। महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा आदि राज्यों में आयोजित सामूहिक गदापूजन में हजारों युवाओं ने सहभाग लिया।
‘गदा पूजन’ के दौरान श्री हनुमान जी की आरती, मारुति स्तोत्र पाठ, शंखनाद एवं सामूहिक प्रार्थना के पश्चात ‘श्री हनुमते नमः’ का सामूहिक नामजप किया गया। इस अवसर पर ‘रामराज्य की स्थापना के लिए मारुति के गुणों को कैसे आत्मसात करें’ इस विषय पर मार्गदर्शन भी किया गया। कार्यक्रम के अंत में रामराज्य की स्थापना के लिए सामूहिक प्रतिज्ञा ली गई। हिंदू जनजागृति समिति द्वारा पिछले 4 वर्षों से देशभर में सामूहिक गदा पूजन कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं और इस वर्ष भी हिंदुत्वनिष्ठों एवं श्रद्धालुओं की उत्स्फूर्त भागीदारी देखने को मिली। इस अवसर पर विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।


