तिरुवनंतपुरम। कांग्रेस के नेतृत्व वाला संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) केरल विधानसभा चुनाव में निर्णायक दो-तिहाई बहुमत हासिल करने के बाद अगले मुख्यमंत्री का नाम तय करने के लिए पार्टी के भीतर गहन विचार-विमर्श कर रहा है।
राज्य की राजधानी में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं, क्योंकि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता वीडी सतीशन, रमेश चेन्नीथला और केसी वेणुगोपाल शीर्ष पद के प्रमुख दावेदारों के रूप में उभरे हैं। आम सहमति बनाने के प्रयासों के बीच ये नेता अपने पार्टी सहयोगियों और यूडीएफ के सहयोगी दलों के साथ लगातार विचार-विमर्श कर रहे हैं।
पार्टी सूत्रों का संकेत है कि अंतिम निर्णय कांग्रेस आलाकमान के पास होगा। राज्य के नेताओं और गठबंधन सहयोगियों के बीच चर्चा चल रही है और अगले एक-दो दिनों में नेतृत्व को लेकर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है। दावेदारों में सतीशन फिलहाल सबसे आगे माने जा रहे हैं, जिन्हें कथित तौर पर यूडीएफ के प्रमुख घटक दल ‘इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग’ का समर्थन प्राप्त है।
140 सदस्यीय विधानसभा में यूडीएफ ने 102 सीटों पर शानदार जीत दर्ज की है, जबकि मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के नेतृत्व वाला वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सिमटकर 35 सीटों पर रह गया है और भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए ने तीन सीटें जीती हैं।
सतीशन ने भरोसा जताया है कि नेतृत्व चयन की प्रक्रिया सुचारू और आंतरिक कलह से मुक्त होगी तथा जल्द ही अंतिम निर्णय की उम्मीद है। इस बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और वरिष्ठ नेता राहुल गांधी केरल के नेताओं के साथ निरंतर संपर्क में हैं, ताकि बिना किसी देरी के सर्वसम्मत उम्मीदवार का चयन सुनिश्चित किया जा सके।



