
आम बजट में किसानों और ग्रामीणों को लुभाने की कई नई योजनाएं

हंसते हंसते हो जाएंगे लोटपोट

जिस लौंडे कि शादी, उसकी पहली ही गर्लफ्रेंड से हो जाए तो ऐसा लगता है
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जैसे बंदा “Try Ball” पर ही आउट हो गया…
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मैं लड़कियाँ इसीलिए भी नहीं घुमाता
क्योंकि उन्हें चक्कर आ जाते हैं
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Meanwhile in a queue at ATM she looked in his eyes. She: I don’t have a boyfriend.
He: Tu kuch bhi Kar le, line me agge nahi Jane dunga
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आज बीवी ने पहली बार मुझे 1000 का नोट दिया और कहा ये लो 1000 का नोट,
1 बियर पी लेना लेकिन बाकी के 850 मुझे मेरे हाथ में चाहिये
हंसते हंसते कट जाए दिन

भगवान ने बड़ी मेहनत कर माँ बनाई ,
शैतान ने भी सोचा कुछ बनाएं ,
तो फिर उसने सासु माँ बनाई .
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आधा जनवरी का महीना तो 2017 की जगह गलती से 2016 लिखने में ही निकल गया।
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एक वक्त था जब रात 12 बजे के बाद भूत ,प्रेत ,चुड़ैल से डर लगने लगता था ,,,
लेकिन ट्वीटर ,व्हाट्सअप और फेसबुक नें इनका रोजगार छीन लिया
टीचर स्टूडेंट जोक्स

टीचर : बच्चो, वादा करो कि कभी शराब, सिगरेट नहीं पिओगे।✊
बच्चे : नहीं पीएंगे।
टीचर : कभी लड़कियों का पीछा नहीं करोगे!
बच्चे : नहीं करेंगे।
टीचर : लड़कियों से दोस्ती नहीं करोगे!
बच्चे : नहीं करेंगे।
टीचर : वतन के लिए जान दे दोगे!
बच्चे : दे देंगे, ऐसी जिन्दगी का करेंगे भी क्या..
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टीचरः
धोबी का कूत्ता ना घर का ना घाट का..
ऐसा ही ऐक और सेंटेंस बनाओ.
पप्पू – सानिया मिर्जा का बच्चा ना भारत का ना पाकिस्तान का :
टीचर बेहोश :
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संस्कृत की क्लास मे गुरूजी ने पूछा = पप्पू इस श्लोक का अर्थ बताओ.
“कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन”.
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पप्पू = राधिका शायद रस्ते मे फल बेचने का काम कर रही है.
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गुरूजी = मूर्ख, ये अर्थ नही होता है. चल इसका अर्थ बता:-
“बहुनि मे व्यतीतानि, जन्मानि तव चार्जुन.”
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पप्पू = मेरी बहू के कई बच्चे पैदा हो चुके हैं, सभी का जन्म चार जून को हुआ है.
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गुरूजी गुस्सा हो गये फिर पुछा :-
“तमसो मा ज्योतिर्गमय”
पप्पु= तुम सो जाओ माँ मैं ज्योति से मिलने जाता हुँ.
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गुरूजी = अरे गधे, संस्कृत पढता है कि घास चरता है. अब इसका अर्थ बता:-
“दक्षिणे लक्ष्मणोयस्य वामे तू जनकात्मजा.”
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पप्पू = दक्षिण मे खडे होकर लक्ष्मण बोला जनक आजकल तो तू बहुत मजे मे है.
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गुरूजी = अरे पागल, तुझे १ भी श्लोक का अर्थ नही मालूम है क्या ?
पप्पू = मालूम है ना.
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गूरूजी = तो आखरी बार पूछता हूँ इस श्लोक का सही सही अर्थ बताना.-
हे पार्थ त्वया चापि मम चापि…….!
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क्या अर्थ है जल्दी से बता.
पप्पू = महाभारत के युद्ध मे श्रीकृष्ण भगवान अर्जुन से कह रहे हैं कि……..
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गुरूजी उत्साहित होकर बीच मे ही
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कहते हैं = हाँ, शाबास, बता क्या कहा श्रीकृष्ण ने अर्जुन से……..?
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पप्पू =
भगवान बोले = अर्जुन तू भी चाय पी ले, मैं भी चाय पी लेता हूँ. फिर युद्ध करेंगे.
गुरूजी बेहोश…………..
आम बजट 2017-18 : युवा वर्ग को दी गई तरजीह
