
रंगारंग कार्यक्रमों के साथ पुष्कर मेले का समापन

जयपुर: गुस्से में नाबालिग ने खुद को आग के हवाले किया

जयपुर। राजधानी के श्याम नगर थाना इलाके में एक नाबालिग ने कैरोसिन तेल उड़ेल कर खुद को आग लगाने का मामला सामने आया है। पूरी तरह जल चुकी इस बालिका को सवाई मानसिंह अस्पताल (एसएमएस) में भर्ती कराया गया जहां उसने दम तोड़ दिया। इस पूरे मामले में मृतका के परिजन मौन हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
क्या है पूरा मामला
श्याम नगर थाना इलाके में निर्वाण नगर के पास हनूतपुरा गांव की रहने वाली सुरेशी अपनी 15 वर्षीय बेटी किरन और बेटे के साथ किराए के मकान में रहती थी।
सुरेशी मजदूरी करती थी और किरन पढ़ाई कर रही थी। अचानक दोपहर में किरन ने बोतल में रखे कैरोसिन तेल को खुद पर उड़ेल लिया और आग लगा ली।
मौके पर पहुंची पुलिस ने किरन को आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती किया। वहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पाक-चीन ने शुरू किया ग्वादर पोर्ट

ग्वादर। पाकिस्तान के अशांत ब्लूचिस्तान प्रांत में स्थित ग्वादर बंदरगाह से आज चीन के दो मालवाहक वाणिज्यिक जलपोत कंटेनरों को लेकर बांग्लादेश, श्रीलंका, संयुक्त अरब अमीरात और यूरोपीय संघ के लिए रवाना हुए।
ग्वादर बंदरगाह रणनीतिक लिहाज से काफी महत्वपूर्ण है और 46 अरब डॉलर की चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (सीपीइसी) के तहत इसका उन्नयन किया गया है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने दक्षिण पश्चिम ब्लूचिस्तान स्थित इस शहर से संचालन गतिविधियों की शुरुआत का आज उद्घाटन किया।
कल बलूचिस्तान में एक सूफी दरगाह पर आइएसआइएस के आत्मघाती दस्ते के हमले में 52 लोगों की जान चली गयी और 100 से अधिक घायल हो गए। सेना प्रमुख लैफ्टिनेंट जनरल राहील शरीफ सहित अनेक गणमान्य लोग इस मौके पर उपस्थित थे। प्रधानमंत्री ने कहा कि एक सपना सच हुआ है। उन्नत किये गये ग्वादर बंदरगाह से संचालन शुरू होने के साथ ही अरबों डाॅलर की चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (सीपीइसी) परियोजना का पहला चरण शुरू हो गया। इसके तहत पश्चिम चीन को पाकिस्तान से होते हुए अरब सागर से जोड़ा जाना है। 46 अरब डॉलर के निवेश से बनने वाली सीपीइसी परियोजना पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर से होकर गुजरेगी।
इसको लेकर भारत में चिंता है। शरीफ ने चीन के मालवाहक पोत की रवानगी के मौके पर इसे पाकिस्तान और समूचे क्षेत्र के इतिहास में महत्वपूर्ण दिन बताया। उन्होंने कहा कि यह बंदरगाह न केवल चीन, दक्षिण एशिया और मध्य एशिया के लिए प्रमुख व्यापार बिंदु होगा बल्कि इस क्षेत्र के निवेशकों के लिए अवसर भी पेश करता है और उन्हें एक साथ जोड़ता भी है। शरीफ ने कहा, ‘‘सीपीइसी और इसके तहत आने वाली सभी परियोजनाएं समय पर पूरी हों इसके लिए हम कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।’
मास्टर-ब्लास्टर सचिन ने कुछ इस अंदाज में मनाया ‘बाल दिवस’

नई दिल्ली। आज ‘बाल दिवस’ है और यह हर बच्चे के लिए खास होता है। देश के पहले प्रधानमंत्री रहे पंडित जवाहर लाल नेहरू के जन्मदिन को ही बाल दिवस के रुप में मनाया जाता है।
बच्चों से खासा स्नेह रखने वाले मास्टर-ब्लास्टर सचिन तेंडुलकर ने भी इस दिन को बेहद ही खास अंदाज में सेलिब्रेट किया। सचिन मुंबई के एमआईजी क्रिकेट क्लब पहुंचे जहां उन्होने ‘मेक अ विश’ फाउंडेशन के बच्चों के साथ क्रिकेट खेला।
बच्चों के साथ गेंद-बल्ला थाम सचिन फिर से अपने बचपन में चले गए थे। क्रिकेट खेलते अपनी तस्वीरों को सोशल नेटवर्किंग साइट ट्विटर पर पोस्ट करते हुए सचिन लिखते हैं,’ इन छोटे बच्चों की मुस्कुराहटों से आउट होना दुनिया की किसी भी फिलिंग्स से हमेशा बेहतर है। मेरे छोटे-छोटे दोस्तों को ‘बाल दिवस’ की हार्दिक शुभकामनाएं।
43 वर्षीय सचिन तेंडुलकर दो बच्चों के पिता हैं। बड़ी बेटी सारा 19 साल की हैं वही छोटा बेटा अर्जुन 17 साल का है।
शक्तिकांत दास बोले- बैंकों में कैश की कमी नहीं, नए नोटों की आपूर्ति बढ़ाने के कोशिशें जारी

नई दिल्ली। नकदी कम होने की आशंका को दूर करते हुए वित्त मंत्रालय ने सोमवार (14 नवंबर) को कहा कि व्यवस्था में पर्याप्त नकदी उपलब्ध है और देशभर में लोगों तक नकदी की आपूर्ति बढ़ाने के लिए सभी माध्यमों को सक्रिय किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देर रात की गई उच्च स्तरीय बैठक की जानकारियां साझा करते हुए आर्थिक मामलों के सचिव शक्तिकांत दास ने कहा नकदी उपलब्ध कराने के सभी माध्यमों को सक्रिय करने का निर्णय किया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों के लिए उन्होंने कहा कि बैंकिंग प्रतिनिधियों की नकदी रखने की सीमा बढ़ाकर 50,000 रुपए कर दी गई है। जरूरत के हिसाब से यह सीमा मामला दर मामला बढ़ायी भी जा सकती है। दूरदराज के इलाकों में बैंकिंग सेवाओं के विस्तार के लिए देशभर में करीब 1.2 लाख बैंक प्रतिनिधि बनाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि बैंकिंग प्रतिनिधियों को कई बार नकदी उपलब्ध कराने का भी निर्णय किया गया है ताकि ग्रामीण जनता को परेशानी ना हो। इसके अलावा 1.3 लाख डाकघरों के लिए नोटों की आपूर्ति बढ़ायी जाएगी ताकि आम लोग पुराने नोटों को नए नोट से बदल सकें।उन्होंने कहा कि इस प्रकार ये ढाई लाख आपूर्ति केंद्र लोगों को बड़ी मात्रा में नकदी बांटने में समर्थ होंगे। इन केद्रों में से अधिकतर ग्रामीण अंचलों में हैं। शहरी जनता की सुविधा के बारे में दास ने कहा कि नए नोटों के हिसाब से बदले गए एटीएम ने पहले ही काम करना शुरू कर दिया है। आज या कल से वह 2,000 रुपए के नए नोट भी जारी करने लगेंगे। हालांकि, एटीएम से एक दिन में अधिकतम 2,500 रुपए की ही निकासी हो सकेगी।
उन्होंने कहा कि इसके अलावा बड़ी संख्या में छोटे एटीएम भी लगाए गए हैं ताकि लोग डेबिट कार्डों के माध्यम से नकदी प्राप्त कर सकें। उनकी समस्या को देखते हुए रिजर्व बैंक ने कल (रविवार, 13 नवंबर) से 500 रुपए के नए नोट भी जारी कर दिए हैं। आर्थिक मामलों के सचिव शक्तिकांत दास ने कहा कि छोटे व्यापारियों की मदद के लिए सरकार ने उनके लिए एक हफ्ते में नकदी निकासी सीमा को 50,000 रुपए करने का निर्णय किया है।
उन्होंने कहा, ‘कारोबारी निकाय जिनके पास पिछले तीन महीने से ज्यादा वक्त से चालू खाता है, उनके लिए नकदी उपलब्धता पर विचार करते हुए उनकी साप्ताहिक नकदी निकासी सीमा को बढ़ाकर 50,000 रुपए करने का निर्णय किया गया है ताकि वह मेहनताना और विविध खर्चों का भुगतान कर सकें।’
दास ने जोर देकर कहा, ‘रिजर्व बैंक के पास पर्याप्त मात्रा में नकदी उपलब्ध है, इसलिए जनता को परेशान होने की कोई जरूरत नहीं है और आने वाले दिनों में नकदी आपूर्ति के कई माध्यमों को बेहतर बनाया जाएगा।’
उन्होंने बताया कि जहां तक सभी सरकारी विभागों और केंद्र के सार्वजनिक उपक्रमों की बात है तो उन्हें अपने सभी भुगतान ऑनलाइन माध्यम से करने को कहा गया है। साथ ही निर्देश दिया है कि वे नकदी की निकासी तभी करें जब उसे टाला ना सके। इसके अलावा कार्ड से भुगतान को सस्ता बनाने के बारे में दास ने कहा कि रिजर्व बैंक ने भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम को अपने विभिन्न लेन-देन शुल्कों से छूट देने को कहा है। इसी प्रकार बैंकों से उनके डेबिट और क्रेडिट कार्डों से शुल्क हटाने के लिए भी कहा गया है।
दास ने यह भी बताया कि सरकार ने कल (रविवार, 13 नवंबर) 500 और 1,000 के चलन से बाहर किए गए नोटों से सरकारी सुविधाओं के बिलों के भुगतान, ईंधन, कर एवं शुल्क और सहकारी बिक्री केंद्रों से खरीद का समय बढ़ाकर 24 नवंबर तक कर दिया है। इससे पहले यह सीमा 14 नवंबर की मध्यरात्रि तक थी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में रविवार देर रात स्थिति की समीक्षा के लिए एक उच्च स्तरीय बैठक की गई जिसके बाद नकदी आपूर्ति को बढ़ाने के लिए कई निर्णय किए गए हैं। इस बैठक में गृहमंत्री, वित्तमंत्री, कोयला एवं ऊर्जा मंत्री एवं वित्त राज्य मंत्री उपस्थित थे। इसके अलावा इस बैठक में रिजर्व बैंक के गवर्नर और डिप्टी गवर्नर आर. गांधी एवं वित्त मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे। दास ने कहा कि सरकार का ध्यान आम लोगों के बीच नकदी वितरण को बढ़ाने के लिए सभी माध्यमों को सक्रिय करने पर है।